बद्रीनाथ के कपाट 23 अप्रैल को खुलेंगे: गंगोत्री-यमुनोत्री के कपटोद्घाटन 20 अप्रैल को
महाशिवरात्रि के दिन निकलेगी केदारनाथ के कपाटोद्घाटन की तिथि

नरेंद्रनगर/ऋषिकेश: आज बसंत पंचमी के पावन अवसर पर टिहरी राजवंश के ऐतिहासिक नरेंद्रनगर राजमहल में आयोजित एक धार्मिक समारोह में श्री बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि की आधिकारिक घोषणा कर दी गई है। पंचांग गणना के अनुसार, भगवान बद्री विशाल के कपाट 23 अप्रैल, को ब्रह्म मुहूर्त 6.15 बजे श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे।

राजमहल में संपन्न हुई पारंपरिक गणना
राजमहल नरेंद्र नगर राजमहल में सदियों पुरानी परंपरा का निर्वहन करते हुए महाराजा मनुजेंद्र शाह की जन्मपत्री और पंचांग के सूक्ष्म विचार के बाद बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि औपचारिक रूप से घोषित की गई। परंपरानुसार ब्रह्म मुहूर्त में 23 अप्रैल को प्रातः 6:15 बजे बद्रीनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ विधि-विधान के साथ खोले जाएंगे।आज तय की गई तिथि के अनुसार:
- कपाट खुलने की तिथि: 23 अप्रैल, 2026
- शुभ मुहूर्त: सुबह 6:15 बजे (ब्रह्म मुहूर्त)
- गाडू घड़ा (तेल कलश) यात्रा: 12 अप्रैल, 2026 को राजमहल में तिल का तेल निकालने की रस्म होगी।
चारधाम या का शंखनाद
बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि घोषित होने के साथ ही उत्तराखंड की आगामी चारधाम यात्रा-2026 की तैयारियां तेज हो गई हैं।
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- गंगोत्री और यमुनोत्री: इन दोनों धामों के कपाट अक्षय तृतीया (20 अप्रैल, 2026) को खुलेंगे।
- केदारनाथ: केदारनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि आगामी महाशिवरात्रि (15 फरवरी, 2026) को ऊखीमठ में घोषित की जाएगी।
- बद्रीनाथ: अंत में 26 अप्रैल को बद्रीनाथ के द्वार खुलने के साथ ही चारों धामों के दर्शन सुलभ हो जाएंगे।
विशेष : बद्रीनाथ के कपाट शीतकाल के दौरान भारी बर्फबारी के कारण बंद रहते हैं। इस दौरान भगवान की पूजा पांडुकेश्वर के योगध्यान बद्री मंदिर में की जाती है।
