12 वर्ष बाद मायके पहुंची चण्डिका भगवती की दिवारा यात्रा, गौचर में हुआ स्वागत
गौचर, 23 जनवरी (गुसाईं)। क्षेत्र के 27 गांवों की आराध्य देवी मां चण्डिका भगवती की दिवारा यात्रा के गौचर पहुंचने पर क्षेत्रवासियों ने अपनी आराध्य धियाण का श्रद्धा और उत्साह के साथ गर्मजोशी से स्वागत किया।
बारह वर्षों के लंबे अंतराल के बाद 27 गांवों की आराध्य देवी मां चण्डिका भगवती अपने ससुराल जिलासू गांव के मंदिर में नवरात्रों के दौरान नौ दिनों तक विधि-विधान से पूजा-अर्चना के उपरांत गुरुवार को अपने मायके सरमोला गांव के लिए प्रस्थान कर गईं। इस दौरान पूरे क्षेत्र में माता की जय-जयकार गूंजती रही।
इस अवसर पर मंदिर समिति के अध्यक्ष मढ़ापति दिलवर सिंह चौहान ने बताया कि दिवारा यात्रा के स्वागत में महिला मंगल दल ऐरास एवं मासों, साथ ही राजकीय इंटर कॉलेज एवं जूनियर हाईस्कूल सिंवाई द्वारा पारंपरिक झुमेला और जागर गीत प्रस्तुत किए गए, जिससे वातावरण भक्तिमय हो उठा।
गौचर प्रवास के दौरान मां चण्डिका भगवती अपने मायके पक्ष के चौहान परिवार में विराजीं, जहां क्षेत्रवासियों ने पुष्प और अक्षत अर्पित कर देवी का भावपूर्ण स्वागत किया। श्रद्धालुओं ने माता से क्षेत्र की सुख-समृद्धि और कुशलता की कामना की।
इस अवसर पर सुरेंद्र सिंह चौहान, मंजू चौहान, पंकज, नीरज चौहान, रम्मा, प्रीति चौहान, दिग्विजय व पानू चौहान, विक्रम चौहान, मनोरमा चौहान, राजीव चौहान, विनोद चौहान, अनिता चौहान, मनोज चौहान, अक्षय चौहान सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
