जा को राखे साइयां मार सके न कोय ; ट्रक हुआ चकनाचूर लेकिन ड्राइवर- क्लीनर रहे सलामत

-गौचर से दिग्पाल गुसाईं –
जाको राखे साइयां मार सके न कोय बाल न बांका कर से जग सारा बैरी होय। यह कहावत उस ट्रक ड्राइवर व कंडक्टर पर सटीक बैठती है जो ट्रक के चकनाचूर होने के बाद भी जिंदा बच पाए हैं।
चौकी गौचर प्रभारी मानवेन्द्र गुसाईं के अनुसार सोमवार को सुबह तीन बजे के आसपास ऋषिकेश से पीपलकोटी जा रहा ईंटों से भरा ट्रक गौचर के समीप लोड़िगाड डाट पुलिया से अनियंत्रित होकर नीचे खाई में गिर गया है।
सूचना पाते ही मौके पर चौकी प्रभारी गौचर मानवेन्द्र गुसाईं के नेतृत्व में ए एस आई प्रदीप राणा, हेड कांस्टेबल दीवान सिंह, कांस्टेबल सुशील, कमलेश सजवाण व एसडीआरएफ टीम ने दो घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर मौके से ट्रक के नीचे दबे ड्राइबर चन्द्रमोहन पुत्र नरेंद्र सिंह कोठियालसैण व उसके सहयोगी सुनील राणा पुत्र दलबीर सिंह राणा निवासी पाखी जोशीमठ को क्रेन व एस डी आर एफ के उपकरणों की मदद से गंभीर अवस्था में निकालकर अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य गौचर पहुंचाया गया। जहां से चन्द्र मोहन के हाथ की हड्डी फ्रैक्चर होने की वजह से उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है।
चिकित्सकों के अनुसार दोनों की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। चौकी प्रभारी मानवेन्द्र गुसांईं के अनुसार रात का समय होने के कारण चालक को नींद की झपकी आने के कारण दुर्घटना हुई है।
