अंकिता न्याय यात्रा थराली पहुँची, नुक्कड़ सभा में न्याय की माँग
– हरेंद्र बिष्ट की रिपोर्ट –
थराली, 16 जनवरी। अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की माँग को लेकर आयोजित अंकिता न्याय यात्रा शुक्रवार को थराली पहुँची। इस अवसर पर थराली में आयोजित नुक्कड़ सभा के माध्यम से वक्ताओं ने सरकार से निष्पक्ष और प्रभावी जांच की माँग की।
सीपीआई (एमएल) के राज्य सचिव इंद्रेश मैखुरी के नेतृत्व में यह न्याय यात्रा ग्वालदम से देवाल होते हुए थराली पहुँची। यात्रा में सीपीआईएम के सदस्य मदन मोहन चमोली तथा स्वतंत्र पत्रकार त्रिलोचन भट्ट भी शामिल रहे।
नुक्कड़ सभा को संबोधित करते हुए कामरेड इंद्रेश मैखुरी ने सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि सरकार अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने में पूरी तरह विफल रही है। उन्होंने कहा कि अंकिता के माता-पिता शुरू से ही हत्याकांड की सीबीआई जांच की माँग कर रहे थे, लेकिन सरकार ने उनकी माँग को लगातार नज़रअंदाज़ किया।
उन्होंने कहा कि बाद में, पूर्व विधायक सुरेश राठौर और उर्मिला सनावर के कथित वायरल ऑडियो सामने आने और जनता के उग्र आंदोलन के दबाव में सरकार सीबीआई जांच के लिए तो तैयार हुई, लेकिन अब तक जांच शुरू नहीं हो पाई है। उन्होंने आरोप लगाया कि वायरल ऑडियो में जिन वीआईपी नामों का खुलासा हुआ, उन्हें भी अब तक जांच के दायरे में नहीं लाया गया है।
कामरेड मैखुरी ने सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश की निगरानी में सीबीआई जांच कराए जाने की पुरजोर माँग की।
इस अवसर पर स्वतंत्र पत्रकार त्रिलोचन भट्ट ने कहा कि भारी जनदबाव के बाद ही सरकार सीबीआई जांच की संस्तुति देने को मजबूर हुई है। उन्होंने कहा कि अंकिता न्याय यात्रा के माध्यम से राज्य के नगरों, शहरों और कस्बों में जाकर आम जनता के बीच जनजागरूकता फैलाई जा रही है और इस मुद्दे पर संवाद किया जा रहा है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी प्रमुख माँग है कि सुप्रीम कोर्ट के जज की निगरानी में सीबीआई जांच हो, साथ ही वायरल ऑडियो और कथित वीआईपी व्यक्तियों को भी जांच के दायरे में लाया जाए, ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके।
