बद्रीनाथ धाम में 20 अक्टूबर को ही मनाई जाएगी दीपावली और महालक्ष्मी पूजन
ज्योतिर्मठ, 16 अक्टूबर (कपरूवाण)। बद्रीनाथ धाम में इस वर्ष दीपावली का पर्व और महालक्ष्मी पूजन 20 अक्टूबर को ही मनाया जाएगा। पंचांग गणना और लक्ष्मी पूजन की पारंपरिक विधियों को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
धाम के मुख्य पुजारी रावल अमरनाथ नम्बूदरी की उपस्थिति में हुई विद्वतजनों की बैठक के उपरांत लिए गए निर्णय की जानकारी देते हुए धर्माधिकारी आचार्य राधाकृष्ण थपलियाल ने बताया कि श्री बद्रीनाथ धाम में महालक्ष्मी पूजन का विशेष धार्मिक महत्व है। यह पूजन सदैव अमावस्या तिथि को ही किया जाता है, जो इस वर्ष 20 अक्टूबर को पूर्ण रूप से प्राप्त हो रही है।
उन्होंने बताया कि बद्रीनाथ धाम में महालक्ष्मी पूजन का विशेष विधान भगवान श्री बद्रीनारायण की शयन आरती से ठीक पूर्व प्रारंभ होता है।
मुख्य पुजारी रावल अमरनाथ नम्बूदरी की मौजूदगी में आयोजित इस बैठक में धर्माधिकारी आचार्य राधाकृष्ण थपलियाल, नव नियुक्त धर्माधिकारी आचार्य स्वयंबर सेमवाल, पूर्व धर्माधिकारी आचार्य भुवनचंद्र उनियाल, वेदपाठी रविन्द्र भट्ट, डिमरी पंचायत की ओर से पंडित शिव प्रसाद डिमरी एवं भाष्कर डिमरी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान ज्योतिषाचार्य पंडित भाष्कर जोशी, केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय देवप्रयाग के आचार्य डॉ. शैलेन्द्र नारायण कोटियाल तथा उत्तराखंड संस्कृत विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. देवी प्रसाद त्रिपाठी से भी व्यापक विचार-विमर्श किया गया।
