पर्यावरण

वनाग्नि से निपटने को वन विभाग की मॉक ड्रिल, विभिन्न विभागों ने किया आपातकालीन अभ्यास

 

पोखरी, 20 फरबरी (राणा)। वनाग्नि की घटनाओं से प्रभावी ढंग से निपटने और आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अलकनंदा भूमि संरक्षण वन प्रभाग की पोखरी रेंज के तत्वावधान में एक व्यापक मॉक ड्रिल आयोजित की गई। अभ्यास के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों, शिक्षकों और छात्र-छात्राओं ने आग बुझाने की प्रक्रिया का प्रदर्शन करते हुए आपसी समन्वय और संसाधनों के प्रभावी उपयोग का अभ्यास किया।

वन क्षेत्राधिकारी बी.एल. शाह के नेतृत्व में आयोजित इस मॉक ड्रिल में केदारनाथ वन्यजीव प्रभाग, नागनाथ रेंज के कर्मचारियों के साथ राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय नागनाथ पोखरी की प्राचार्य, प्राध्यापक एवं छात्र-छात्राओं ने सक्रिय सहभागिता की। इसके अलावा विकासखंड प्रशासन, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, तहसील प्रशासन और थाना पुलिस के अधिकारी एवं कर्मचारी भी अभ्यास में शामिल रहे।
मॉक ड्रिल के तहत विशाल वन पंचायत के जै डुगरा से सटे वन क्षेत्र को आग लगने का काल्पनिक स्थल बनाया गया, जबकि स्टेजिंग एरिया राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय नागनाथ पोखरी के मैदान में स्थापित किया गया। सुबह 11 बजे सायरन बजते ही सभी टीमों को आग लगने की सूचना दी गई। इसके बाद टीमें तुरंत मौके के लिए रवाना हुईं और पूर्व निर्धारित रणनीति के अनुसार आग पर काबू पाने की कार्रवाई शुरू की।
अभ्यास के दौरान एक कर्मचारी के घायल होने की स्थिति का भी प्रदर्शन किया गया। घायल कर्मी को स्ट्रेचर के माध्यम से सड़क तक लाया गया और एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया। इस अभ्यास का उद्देश्य आपदा के समय बचाव एवं राहत कार्यों की तैयारियों का व्यावहारिक परीक्षण करना था।
वन क्षेत्राधिकारी बी.एल. शाह ने बताया कि मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य वनाग्नि की घटनाओं में त्वरित प्रतिक्रिया, उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग, विभागों के बीच बेहतर समन्वय तथा स्थानीय लोगों की सहभागिता बढ़ाना है। उन्होंने वन संरक्षण के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि समय पर सूचना मिलने से वनाग्नि की घटनाओं को बड़े नुकसान से पहले नियंत्रित किया जा सकता है।
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. रीटा शर्मा ने कहा कि वन हमारी अमूल्य धरोहर हैं और उनकी सुरक्षा करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। वनों से हमें स्वच्छ वायु, ईंधन और पशुओं के लिए चारा मिलता है। उन्होंने छात्रों से वन संरक्षण के प्रति सजग रहने और समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर केदारनाथ वन्यजीव प्रभाग नागनाथ रेंज के उप वन क्षेत्राधिकारी बीरेंद्र नेगी, थानाध्यक्ष देवेंद्र पंत, हेड कांस्टेबल नरेश व भरत सिंह टोलियां, चिकित्सक डॉ. नंद किशोर चमोला, डॉ. संजीव कुमार जुयाल, राजस्व निरीक्षक प्रदीप रावत, राजस्व उप निरीक्षक नीरज, सहायक खंड विकास अधिकारी देवेंद्र खंडूरी, एडीओ वन राहुल गुथियाल, वन आरक्षी उमेद सिंह नेगी, अमित भंडारी, आशीष उनियाल सहित अनेक विभागीय अधिकारी, कर्मचारी, ग्राम प्रधान, वन पंचायत प्रतिनिधि और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!