ओबीसी की केंद्रीय सूची में शामिल करने की मांग पर पैनखंडी समुदाय का आंदोलन, 27 फरवरी को महारैली

— प्रकाश कपरुवाण–
ज्योतिर्मठ, 24 फरवरी। सीमावर्ती विकासखंड जोशीमठ के पैनखंडी समुदाय को वर्ष 2016-17 में उत्तराखंड सरकार द्वारा राज्य की ओबीसी सूची में शामिल किए जाने के बावजूद अब तक केंद्रीय ओबीसी सूची में स्थान नहीं मिल पाया है। इसे लेकर लंबे समय से चल रही उपेक्षा से आक्रोशित पैनखंडी समुदाय ने आंदोलन का रास्ता अपनाने का निर्णय लिया है। आंदोलन की शुरुआत 27 फरवरी को प्रस्तावित महारैली से की जाएगी।
लंबे संघर्ष के बाद राज्य सरकार ने जोशीमठ ब्लॉक के पैनखंडा समुदाय को अति पिछड़ा वर्ग की राज्य सूची में शामिल किया था, लेकिन लगभग दस वर्ष बीत जाने के बाद भी केंद्रीय सूची में नाम न जुड़ पाने से इस समुदाय के युवाओं को केंद्रीय सेवाओं और योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। लगातार पत्राचार और प्रयासों के बावजूद राज्य व केंद्र सरकार के स्तर पर कोई ठोस पहल न होने से समुदाय में असंतोष गहराता गया।
पैनखंडा संघर्ष समिति के आह्वान पर मंगलवार को जोशीमठ ब्लॉक सभागार में आयोजित बैठक में महारैली और आंदोलन की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही ग्राम सभा और न्याय पंचायत स्तर पर हाल के दिनों में हुई बैठकों की समीक्षा भी की गई।
बैठक में वक्ताओं ने बताया कि केंद्रीय ओबीसी सूची में शामिल किए जाने के लिए राज्य सरकार द्वारा विधिवत प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जाना आवश्यक है, लेकिन एक दशक बीतने के बाद भी यह प्रस्ताव नहीं भेजा गया। हालांकि सत्तापक्ष से जुड़े कुछ स्थानीय नेताओं ने इस दिशा में पहल की और राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने सदन में पैनखंडा समुदाय को ओबीसी में शामिल करने की मांग भी उठाई, लेकिन राज्य सरकार की औपचारिक संस्तुति के बिना केंद्र सरकार इस पर आगे कार्रवाई नहीं कर सकती।
दस वर्षों से उपेक्षा झेल रहे पैनखंडी समुदाय का सब्र अब टूट चुका है। बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि अपनी जायज मांग को लेकर आंदोलन के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है। ओमप्रकाश डोभाल के संचालन में हुई बैठक में पैनखंडा संघर्ष समिति के अध्यक्ष भरत सिंह कुंवर, ब्लॉक प्रमुख अनूप नेगी, शैलेंद्र पंवार, कृष्णमणि थपलियाल, अमित सती, भगवती प्रसाद नंबूरी, राकेश भंडारी, सुभाष डिमरी, श्रीराम डिमरी, सुखदेव पैनखंडी, नैन सिंह भंडारी, रविंद्र थपलियाल, समीर डिमरी, सौरभ नेगी, पुष्कर सिंह भुजवाण, हर्षबर्धन भट्ट, कुशल सिंह कमदी, दिनेश रावत सहित पालिका सभासद प्रवेश डिमरी और प्रदीप पंवार ने अपने विचार रखे।
बैठक के उपरांत 27 फरवरी को प्रस्तावित महारैली की सूचना से संबंधित पत्र उपजिलाधिकारी को सौंपा गया।
