मध्य अरब सागर में एमवी रुएन जहाज पर समुद्री लुटेरों का हमला
The hijacked vessel entered territorial waters of Somalia (off Bosaso) PM 17 Dec 23. INS Kochi was successful in ensuring that the injured crew member was released by pirates in the early hours of 18 Dec 23 for further medical management. The injured crew member was medically attended to onboard the IN ship but due to urgent medical attention required, which was beyond the scope of the ship, he was transferred ashore at Oman on 19 Dec 23

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नयी दिल्ली, 22 दिसंबर । यूनाइटेड किंगडम समुद्री व्यापार संचालन-यूकेएमटीओ के पोर्टल पर 14 दिसंबर 2023 की रात को माल्टा के ध्वज वाले जहाज एमवी रुएन पर संभावित समुद्री डकैती की घटना के बारे में एक रिपोर्ट की जानकारी प्राप्त हुई थी। इसमें बताया गया कि जहाज पर छह अज्ञात कर्मी सवार थे।
अपहृत किये गए जहाज को 17 दिसंबर 2023 को सोमालिया के जल क्षेत्र में (बोसासो से दूर) ले जाया गया। भारतीय नौसेना का आईएनएस कोच्चि यह सुनिश्चित करने में सफल रहा कि चालक दल के घायल सदस्य को आगे के चिकित्सा उपचार के लिए 18 दिसंबर 2023 की अल सुबह में समुद्री लुटेरों द्वारा रिहा कर दिया गया। भारतीय नौसेना के जहाज पर अपहृत चालक दल के उस घायल सदस्य की चिकित्सकीय देखभाल की गई, लेकिन तत्काल अधिक चिकित्सा सहायता की आवश्यकता के कारण उसे 19 दिसंबर 2023 को ओमान में तट पर स्थानांतरित कर दिया गया, हालांकि यह जहाज के दायरे से काफी दूर था।
इस घटना की जांच के लिए त्वरित प्रतिक्रिया हेतु तैनात भारतीय नौसेना का समुद्री गश्ती पोत 15 दिसंबर 2023 को एमवी रुएन जहाज की तलाश में पहुंचा और चालक दल के साथ संचार स्थापित किया। इस दौरान 18 सदस्यीय चालक दल (एमवी जहाज पर कोई भी भारतीय सवार नहीं था) में सभी को उस इलाके में सुरक्षित बताया गया। साथ ही, इस घटना पर कार्रवाई करते हुए अदन की खाड़ी में समुद्री डकैती रोधी गश्त के लिए तैनात आईएनएस कोच्चि को भी सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से तुरंत रवाना कर दिया गया।
आईएनएस कोच्चि ने 16 दिसंबर 2023 को तड़के एमवी रुएन को रोकने का प्रयास किया और स्थिति का आकलन करने के लिए अपना एक महत्वपूर्ण हेलीकॉप्टर भेज दिया। चालक दल से यह सूचना मिली थी कि एमवी रूएन जहाज पर आंतरिक ढांचे की व्यवस्था को नुकसान पहुंचाया गया था और समुद्री लुटेरों ने चालक दल के सभी सदस्यों को बंधक बना लिया था। वारदात के समय चालक दल के एक सदस्य को चोटें आई थीं, लेकिन उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। हालांकि अपहृत किये गए एमवी जहाज पर चालक दल की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कोई सशस्त्र हस्तक्षेप नहीं किया गया था और समुद्री लुटेरों द्वारा चालक दल के साथ उचित व्यवहार सुनिश्चित कराने की दिशा में प्रयास करते हुए युद्धपोत द्वारा अपेक्षित कार्रवाई की गई। 16 दिसंबर 2023 को एक जापानी युद्धपोत भी इस जल क्षेत्र में पहुंचा और बाद में दिन के समय स्पेनिश युद्धपोत ईएसपीएनएस विक्टोरिया द्वारा भी उसे सहायता प्रदान की गई। 16 से 17 दिसंबर 2023 तक सोमालिया की ओर अपने पारगमन के दौरान भारतीय नौसेना के जहाज को अपहृत जहाज के करीब रखा गया। इस दौरान, समुद्री लुटेरों के साथ उचित रूप से कार्रवाई करते हुए और अन्य युद्धपोतों के साथ गतिविधियों का समन्वय किया गया।
भारतीय नौसेना ने उपरोक्त घटना को ध्यान में रखते हुए और अदन की खाड़ी क्षेत्र में समुद्री डकैती को रोकने के प्रयासों को बढ़ाने की दिशा में इस इलाके में एक और स्वदेशी निर्देशित मिसाइल विध्वंसक पोत तैनात किया है। भारतीय नौसेना इस क्षेत्र में ‘सबसे पहले प्रतिक्रिया देने वाले’ के रूप में, व्यापारिक जहाज नौवहन की सुरक्षा सुनिश्चित करने और समुद्र में नाविकों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए वचनबद्ध है।
