गोवा के सरेन्डिपिटी कला उत्सव में चमकेगी पैनखंडा की विश्व धरोहर ‘रम्माण’
ज्योतिर्मठ, 10 दिसंबर (कपरुवाण)।गोवा में आयोजित सरेन्डिपिटी कला उत्सव में उत्तराखंड के पैनखंडा—ज्योतिर्मठ की विश्व धरोहर रम्माण का विशेष मंचन किया जाएगा। इस प्रतिष्ठित आयोजन में सहभागिता के लिए रम्माण की धरती सलूड़–डुंग्रा में इन दिनों जोर-शोर से तैयारियां चल रही हैं।
गोवा (पणजी) में होने वाले इस विश्वस्तरीय कला उत्सव में प्रतिभाग हेतु सलूड़–डुंग्रा, ज्योतिर्मठ के 30 सदस्यीय कलाकारों का दल 11 दिसंबर को गांव से प्रस्थान करेगा।
रम्माण के संरक्षक डॉ. कुशल भंडारी ने बताया कि 14 दिसंबर की रात विश्व सांस्कृतिक धरोहर रम्माण का आकर्षक मंचन होगा, जिसके साक्षी देश–विदेश से आए हजारों पर्यटक, रंगकर्मी और साहित्यकार होंगे।
रम्माण मंचन का मुख्य उद्देश्य पैनखंडा क्षेत्र की प्राचीन सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करना है, ताकि अधिक से अधिक लोग हमारी पौराणिक परंपराओं से परिचित हो सकें। इससे विश्व सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण और संवर्द्धन को भी नई मजबूती मिलेगी।
गांव और पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। मंचन की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। दल में प्रमुख रूप से अध्यक्ष शरत सिंह बंगारी, हीरा सिंह, दिनेश सिंह, भगत सिंह, देवेंद्र सिंह आदि कलाकार
