टीचर्स में होना चाहिए त्याग, समर्पण और सामंजस्य का भाव: श्वेतांगना

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ख़ास बातें

  • जीवन में सदैव सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाएं: प्रो. मंजुला जैन
  • शिक्षक पेशे को बाई च्वाइस चुनें, बाई चांस नहीं: प्रो. एमपी सिंह
  • हरि प्रकाश आर्या बोले आदर्श शिक्षकों के गुणों को करें आत्मसात
  • फ्रेशर पार्टी में धीरज मिस्टर तो शिवांगी बनी मिस फ्रेशर
  • अमित मिस्टर और वसुन्धरा को चुना गया मिस फेयरवेल

–प्रो. श्याम सुंदर भाटिया

विल्सोनिया स्कॉलर्स होम, पाकबड़ा की प्रिंसिपल श्रीमती श्वेतांगना संतराम ने विद्यालयों को समाज के निर्माण स्थल बताते हुए कहा, संतुलित समाज के लिए शिक्षकों में त्याग, समर्पण, सामाजिक सामंजस्य, सामाजिक समरसता, भ्रातृत्व आदि का भाव होना चाहिए। शिक्षक राष्ट्र के निर्माता और समाज को सही राह दिखाने वाले होते हैं। योग्य शिक्षक ही योग्य विद्यार्थियों का निर्माण करते हैं। शिक्षकों को अपने उत्तरदायित्वों का आदर्श रूप से पालन करना चाहिए, जिससे एक समग्र और संतुलित समाज का विकास हो सके। श्रीमती संतराम ने कहा, शिक्षक की सफलता का मूलमंत्र स्वयं को समयानुसार अपडेट करना है। अतः भावी शिक्षकों को इस पर विशेष ध्यान देना चाहिए। श्रीमती श्वेतांगना तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के फैकल्टी ऑफ एजुकेशन की ओर से बीएड और एमएड स्टुडेंट्स की फ्रेशर-फेयरवेल पार्टी- न्यू फेस्टा में बतौर मुख्य अतिथि बोल रही थीं। इससे पूर्व कार्यक्रम का शुभारम्भ बतौर मुख्य अतिथि श्रीमती श्वेतांगना संतराम, बतौर विशिष्ट अतिथि संजय मनु बडेरा सरस्वती बाल विद्या मंदिर, मुरादाबाद के प्रधानाचार्य श्री हरि प्रकाश आर्या, बतौर विशिष्ट अतिथि एसोसिएट डीन प्रो. मंजुला जैन, निदेशक छात्र कल्याण प्रो. एमपी सिंह, कॉलेज ऑफ पैरामेडिकल साइंस के वाइस प्रिंसिपल डॉ. नवनीत कुमार, फैकल्टी ऑफ एजुकेशन की प्राचार्या प्रो. रश्मि मेहरोत्रा ने संयुक्त रूप से माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जलित करके किया।

श्रीमती संतराम ने कहा, संस्थान का ज्ञान आपके व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास करता है और आपको आपके शिक्षण पेशे में भी दक्षता प्रदान करता है। ये गुण आपकी वृति के साथ-साथ जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में भी सहायक सिद्ध होते हैं। एसोसिएट डीन प्रो. मंजुला जैन ने बतौर विशिष्ट अतिथि विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा, संस्थान से आप सकारात्मक गुणों को धारण करते हुए सफल जीवन की ओर अग्रसर हों। सकारात्मक सोच ही जीवन में उत्तरोतर प्रगति की ओर अग्रसर करती है। अतः हमें अपने जीवन में सदैव सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाना चाहिए। पॉजिटिव थिंकिंग वाला अध्यापक ही अपने छात्रों को पॉजिटिविटी प्रदान करते हुए सफलता के पथ पर पहुंचा सकता है। संजय मनु बडेरा सरस्वती बाल विद्या मंदिर, मुरादाबाद के प्रधानाचार्य श्री हरि प्रकाश आर्या ने बतौर विशिष्ट अतिथि आदर्श शिक्षक के गुणों को आत्मसात करने की सलाह दी। श्री आर्या ने भावी शिक्षकों को सफल जीवन की शुभकामनाएं प्रेषित की। अन्त में निदेशक छात्र कल्याण प्रो. एमपी सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा, कठिन परिश्रम सफलता की कुंजी है। सभी लक्ष्यों की प्राप्ति कठिन परिश्रम से ही सम्भव है। शिक्षक, विद्यार्थियों में विभिन्न मूल्यों का विकास करते हैं, जिससे उनके व्यक्तित्व का संतुलित और समन्वित विकास होता है। शिक्षक पेशे में विद्यार्थियों का बाई च्वाइस आना चाहिए, बाई चांस नहीं।

फ्रेशर पार्टी- न्यू फेस्टा में धीरज कुमार को मिस्टर और शिवांगी सिंह को मिस फ्रेशर जबकि अमित कुमार को मिस्टर और वसुन्धरा अरोड़ा को मिस फेयरवेल चुना गया। निर्णायक मंडल में सीटीएलडी के श्री असिस्टेंट प्रोफेसर श्री विपिन चौहान और सामाजिक कार्यकत्री श्रीमती कविता व्यस्त शामिल रहीं। न्यू फैस्टा में ज्वाइंट डायरेक्टर डॉ. ज्योति पुरी, श्रीमती गुरमीत कौर, डॉ. रत्नेश जैन, डॉ. विनोद जैन, डॉ. कल्पना जैन, डॉ. अशोक लखेरा के अलावा श्रीमती नाहिद बी., श्री गौतम कुमार, मोहिता वर्मा, डॉ. सुमित गंगवार,  श्री एलएस तोमर आदि की गरिमामयी मौजूदगी रही। संचालन मो. महजा और आयशा खान ने किया। फ्रेशर पार्टी में विद्यार्थियों ने  रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए। स्टुडेंट्स शुभि जैन, आकांक्षा लॉरेन्स ने गीत गाकर और शशि यादव, वसुन्धरा अरोड़ा, मुस्कान ठाकुर, राशि ठाकुर, शिवांगी सिंह, अंशिता श्रीवास्तव ने नृत्य करके सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

 

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