Front Page

भराड़ीसैण में उक्रांद की हुंकार; किया विधानसभा घेराव, स्थायी राजधानी की मांग तेज

राज्यहित से जुड़े 23 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा, कहा— अब जनता को छलना बंद करे सरकार

गैरसैंण, 19 अगस्त (एमएस गुसाईं) । उत्तराखंड क्रांति दल (उक्रांद) ने सोमवार को विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान गैरसैंण में जोरदार प्रदर्शन कर सरकार को घेरा और गैरसैंण को स्थायी राजधानी घोषित करने की मांग उठाई।
केंद्रीय महामंत्री बृजमोहन सिंह सजवान के नेतृत्व में हुए इस घेराव में उक्रांद पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने सुबह पांच बजे ही दीवालीखाल पहुंचकर पुलिस बैरिकेडिंग तोड़ने की कोशिश की। पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, जिस पर दिनभर तीखी बहस होती रही।

राज्य की हालत पर चिंता

उक्रांद के केंद्रीय उपाध्यक्ष जयप्रकाश उपाध्याय ने कहा कि उक्रांद का गठन पृथक राज्य बनाने के उद्देश्य से हुआ था और पार्टी राज्य के विकास के लिए लगातार प्रयास करती रही है।
उन्होंने कहा कि आज राज्य की हालत अत्यंत चिंताजनक है और इसे संवारने के लिए मजबूत क्षेत्रीय राजनीतिक पहल जरूरी है।

कवि बिहारी लाल जगूड़ी ने कहा कि 24 वर्षों से गैरसैंण में सत्र होते रहे हैं, किंतु अब तक विधानसभा तक ठीक सड़क तक नहीं बन पाई है। यह जनता के साथ धोखा है और सरकारें केवल बहकावे का काम करती रही हैं।

23 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा

प्रदर्शन के संयोजक युवा नेता राजेंद्र सिंह बिष्ट ने कहा कि पार्टी ने ज्ञापन के माध्यम से सरकार के सामने 23 बिंदुओं पर तत्काल कार्रवाई की मांग रखी है। इनमें प्रमुख हैं—

  • गैरसैंण (चंद्रनगर) को स्थायी राजधानी घोषित किया जाए।
  • राज्य के हर परिवार से एक सदस्य को सरकारी सेवा में लिया जाए।
  • मूल निवासियों को मूल निवास प्रमाण पत्र तत्काल प्रभाव से जारी किए जाएं।
  • आगामी परिसीमन भौगोलिक आधार पर किया जाए।
  • बद्रीनाथ मास्टर प्लान को निरस्त किया जाए।
  • तपोवन विष्णुगाड़ परियोजना के प्रभावितों को मुआवजा और पुनर्वास दिया जाए।
  • बड़ी जल विद्युत परियोजनाओं को रद्द कर स्थानीय लोगों को छोटी परियोजनाओं का आवंटन किया जाए।
  • भू-कानून लागू कर बाहरी लोगों की भूमि खरीद पर रोक लगाई जाए।
  • बिजली व पानी निशुल्क उपलब्ध कराया जाए।
  • नशे के अवैध कारोबार पर रोक लगाकर शराबबंदी लागू की जाए।
  • कानून व्यवस्था सुधारते हुए महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
  • खनन माफिया पर तुरंत रोक लगाई जाए।
  • आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित किया जाए।
  • चिकित्सा व शिक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाए।
  • कृषि व उद्यान नीति ठोस बनाते हुए किसानों को उपकरण व बीज उपलब्ध कराए जाएं।
  • पलायन रोकने के लिए रोजगार व उद्योगों का सृजन किया जाए।
  • ग्रीन बोनस के रूप में केंद्र से सब्सिडी लेकर जनता को निशुल्क गैस सिलेंडर दिए जाएं।

भारी संख्या में जुटे कार्यकर्ता

इस मौके पर केंद्रीय महामंत्री राजेश्वरी रावत, केंद्रीय महामंत्री किरण रावत, सैनिक प्रकोष्ठ अध्यक्ष चंद्रमोहन गड़िया, युवा अध्यक्ष आशीष नेगी, केंद्रीय मंत्री महिपाल पुंडीर, मोहन सिंह असवाल, बहादुर सिंह रावत, देवेंद्र कंडवाल, केंद्रीय संगठन मंत्री मनोज कंडवाल, आशुतोष भंडारी, जितेंद्र पंवार, संयुक्त सचिव प्रकाश भट्ट, प्रवीन रमोला, अनूप बिष्ट, शशि बंगवाल, अनिता कोटियाल, अंकेश भंडारी, भोला चमोली सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!