मुख्यमंत्री धामी ने किया काशीपुर में 46.24 करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास

काशीपुर, 4 नवंबर। उत्तराखण्ड राज्य की रजत जयंती वर्ष समारोह श्रृंखला के अंतर्गत मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को काशीपुर में राज्य स्तरीय शहरी विकास सम्मेलन का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर उन्होंने 46 करोड़ 24 लाख रुपये की विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने दिव्यांग सशक्तिकरण कौशल विकास वाहन तथा नगर निगम काशीपुर के 14 कूड़ा संग्रहण वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना भी किया।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य निर्माण के प्रारंभिक वर्षों में नगर निकायों के सामने संसाधनों और बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी थी। भौगोलिक चुनौतियाँ और बार-बार आने वाली प्राकृतिक आपदाओं ने विकास की रफ्तार को प्रभावित किया, लेकिन 25 वर्षों की इस यात्रा में उत्तराखण्ड ने अनेक बाधाओं को पार करते हुए विकास, समृद्धि और सुशासन के नए आयाम स्थापित किए हैं।
उन्होंने कहा कि किसी राज्य की आत्मा उसके गाँवों में बसती है, लेकिन शहरों में नागरिकों के सपने और आकांक्षाएँ आकार लेते हैं। इसी सोच के साथ सरकार ने शहरी विकास को अपनी प्राथमिकताओं के केंद्र में रखा है। आज राज्य के नगर स्वच्छता, सड़क व्यवस्था, पेयजल आपूर्ति और जनकल्याण जैसे क्षेत्रों में निरंतर प्रगति कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2001 में जहाँ राज्य की शहरी जनसंख्या 16 प्रतिशत थी, वहीं अब यह बढ़कर 36 प्रतिशत से अधिक हो चुकी है। राज्य गठन के समय केवल 63 स्थानीय निकाय और एकमात्र नगर निगम (देहरादून) था, जबकि आज प्रदेश में 107 नगरीय निकाय और 11 नगर निगम सक्रिय रूप से नागरिकों को बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध कराने में जुटे हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य निर्माण के समय शहरी विकास विभाग का बजट जहाँ मात्र 55 करोड़ रुपये था, वहीं आज यह बढ़कर 1300 करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। बीते 25 वर्षों में शहरों ने राज्य की अर्थव्यवस्था को नई गति देने के साथ ही रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी बढ़ाए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखण्ड के सर्वांगीण विकास के लिए लगातार प्रयासरत है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत प्रत्येक नगर में ठोस कचरा प्रबंधन और सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है। इसके साथ ही स्मार्ट सिटी मिशन, प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, अमृत मिशन, खुले में शौच मुक्त अभियान और लीगेसी वेस्ट प्रबंधन जैसी योजनाओं से आमजन को लाभान्वित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों के गरीब परिवारों को सुलभ स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध कराने के लिए पहली बार प्रदेश के 52 स्थानीय निकायों में 82.50 करोड़ रुपये की लागत से 115 अर्बन हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर स्थापित किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि काशीपुर में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट और ठोस कचरा प्रबंधन परियोजना के अंतर्गत आधुनिक ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण किया जा रहा है। साथ ही 1100 करोड़ रुपये की लागत से औद्योगिक हब परियोजना और 100 करोड़ रुपये की अरोमा पार्क परियोजना भी क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को सशक्त करने और स्थानीय रोजगार बढ़ाने के उद्देश्य से संचालित की जा रही है।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, विधायक त्रिलोक सिंह चीमा, मेयर दीपक बाली, सचिव शहरी विकास नितेश कुमार झा, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मणिकांत मिश्रा सहित अनेक जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
