विश्व पर्यावरण दिवस पर ‘गढ़वाल ग्रीनर्स’ की अनूठी पहल, चार दिनों में 5,000 से अधिक पौधे रोपे

देहरादून, 5 जून । विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर 127 इन्फैंट्री बटालियन (टेरिटोरियल आर्मी) ईको गढ़वाल राइफल्स, जिसे लोकप्रिय रूप से ‘गढ़वाल ग्रीनर्स’ के नाम से जाना जाता है, ने 2 से 5 जून तक उत्तराखण्ड के विभिन्न क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण को समर्पित व्यापक जन-जागरूकता एवं वृक्षारोपण अभियान चलाया।
‘भागीदारी और जिम्मेदारी’ थीम पर आयोजित पर्यावरण सप्ताह के दौरान देहरादून, सहिया और कस्याली सहित विभिन्न स्थानों पर वृक्षारोपण, स्वच्छता अभियान, जल संरक्षण जागरूकता कार्यक्रम तथा पर्यावरण संरक्षण की शपथ जैसे अनेक कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन गतिविधियों में सेना के जवानों एवं उनके परिवारों के साथ-साथ शिक्षण संस्थानों, ग्राम पंचायतों, सरकारी विभागों, गैर-सरकारी संगठनों, विश्वविद्यालयों और स्थानीय समुदायों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
अभियान के तहत अस्ताद गांव, गुरु गोरखनाथ विश्वविद्यालय (बिठ्यानी), मिलिट्री हॉस्पिटल देहरादून, गढ़ी छावनी, दून सैनिक इंस्टीट्यूट, नालापानी तथा अन्य शिक्षण संस्थानों सहित विभिन्न स्थलों पर स्थानीय एवं पर्यावरण-अनुकूल प्रजातियों के 5,000 से अधिक पौधे रोपे गए। इसके अतिरिक्त विद्यालयों, नागरिक संगठनों और सैन्य प्रतिष्ठानों को 1,000 से अधिक पौधे वितरित किए गए, ताकि वृक्षारोपण के प्रयासों को और गति मिल सके।
इस अभियान में रूरल लिटिगेशन एंड एंटाइटेलमेंट केंद्र (RLEK), मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (MDDA), उत्तराखण्ड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (UCOST), मिलिट्री हॉस्पिटल देहरादून, जॉन मार्टिन मेमोरियल स्कूल, दून वर्ल्ड स्कूल, विश्वविद्यालयों के छात्र तथा एनसीसी कैडेट्स सहित अनेक संस्थाओं ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया।
पर्यावरण सप्ताह के दौरान विद्यालयों, विश्वविद्यालयों और ग्रामीण क्षेत्रों में जल संरक्षण एवं जल प्रबंधन विषयक जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण, जल के विवेकपूर्ण उपयोग तथा पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने के महत्व से अवगत कराया गया। साथ ही विभिन्न स्थानों पर स्वच्छता अभियान चलाकर कचरा प्रबंधन और स्वच्छ परिवेश के प्रति लोगों को प्रेरित किया गया।
यूनिट द्वारा विभिन्न शिक्षण संस्थानों में आयोजित व्याख्यानों और संवाद कार्यक्रमों में वृक्षारोपण, एकल-उपयोग प्लास्टिक में कमी तथा पर्यावरण-अनुकूल जीवनशैली अपनाने की आवश्यकता पर विशेष बल दिया गया। प्रतिभागियों को पर्यावरण संरक्षण की शपथ दिलाई गई और भावी पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक धरोहरों के संरक्षण हेतु सामूहिक प्रयासों का आह्वान किया गया।
पर्यावरण सप्ताह के सफल आयोजन ने एक बार फिर पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण, पर्यावरणीय जागरूकता और सामुदायिक सहभागिता के प्रति भारतीय सेना तथा ‘गढ़वाल ग्रीनर्स’ की अटूट प्रतिबद्धता को रेखांकित किया है। पिछले चार दशकों से यह यूनिट उत्तराखण्ड के संवेदनशील हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण तथा पर्यावरणीय उत्तरदायित्व की संस्कृति को बढ़ावा देने में अग्रणी भूमिका निभा रही है।
