पहाड़ों में मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, काश्तकारों की बढ़ी चिंता

पोखरी, 8 अप्रैल (राणा)। क्षेत्र में बीती रात से जारी मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। लगातार हो रही वर्षा के चलते जहां आम लोगों की दिनचर्या बाधित हुई है, वहीं काश्तकारों की चिंताएं भी बढ़ गई हैं।
ऊंचाई वाले क्षेत्रों, विशेषकर तुंगनाथ की चोटी पर बर्फबारी होने से मौसम अचानक ठंडा हो गया है। हालात ऐसे हो गए हैं कि लोगों को फिर से स्वेटर, जैकेट और रजाई जैसे गर्म कपड़े निकालने पड़े हैं। मौसम में आए इस बदलाव से जनवरी जैसी ठंड का एहसास होने लगा है।
बारिश के चलते पोखरी बाजार सहित आसपास के छोटे बाजारों में सन्नाटा पसरा हुआ है। लोग घरों में रहने को मजबूर हैं, जिससे व्यापार पर भी असर पड़ा है।
वहीं काश्तकारों के लिए यह बारिश बड़ी मुसीबत बनकर सामने आई है। पहले ही लंबे समय तक बारिश न होने के कारण गेहूं और जौ की अधिकांश फसलें खराब हो चुकी थीं, जबकि जो फसल पकने की स्थिति में थी, अब इस बेमौसमी तेज बारिश से उसके भी खराब होने की आशंका बढ़ गई है।
इसके अलावा इन दिनों धान की बुवाई का समय चल रहा है, लेकिन लगातार बारिश के कारण खेतों में अत्यधिक नमी हो गई है, जिससे बुवाई का कार्य प्रभावित हो रहा है। ऐसे में किसान खुद को असहाय महसूस कर रहे हैं।
गजेंद्र नेगी, देवेन्द्र सिंह राणा, मदन भण्डारी, बच्चन सिंह भण्डारी और आलम सिंह नेगी सहित तमाम काश्तकारों का कहना है कि यदि मौसम का यही मिजाज बना रहा, तो खेती-किसानी पर इसका गहरा असर पड़ेगा और काश्तकारों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।
