एकल अभियान की बहनों ने हिमवीरों की कलाई पर बांधा रक्षा सूत्र

ज्योतिर्मठ, 27 अगस्त (कपरुवाण)। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर एकल अभियान की बहनों ने भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के जवानों के साथ रक्षाबंधन मनाया। बहनों ने देश की सीमाओं की रक्षा में तैनात हिमवीरों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधकर उनके प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त की। इस अवसर पर राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के प्रति समर्पित रहने का संकल्प भी लिया गया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के स्नेह का पर्व ही नहीं, बल्कि रक्षा, विश्वास, त्याग और राष्ट्रभक्ति का भी प्रतीक है। जब देशवासी अपने परिवारों के साथ त्योहार मनाते हैं, तब आईटीबीपी के जवान विषम भौगोलिक और मौसम संबंधी परिस्थितियों में सीमाओं की सुरक्षा में तैनात रहते हैं। हिमालय की ऊंची चोटियों, बर्फीले क्षेत्रों और कड़ाके की ठंड में कर्तव्य निभाने के कारण ही उन्हें ‘हिमवीर’ कहा जाता है।
वक्ताओं ने कहा कि दुर्गम हिमालयी क्षेत्रों में तैनात जवानों का साहस और त्याग पूरे देश के लिए प्रेरणास्रोत है। रक्षाबंधन पर बहनों द्वारा जवानों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधना समाज और सीमा प्रहरियों के बीच आत्मीयता और राष्ट्रभावना को मजबूत करता है।
एकल अभियान की बहनों ने कहा कि सीमा पर देश की रक्षा करने वाले जवान केवल अपने परिवारों के ही नहीं, बल्कि पूरे राष्ट्र के भाई हैं। इस दौरान शहीद सैनिकों को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए उनके बलिदान को सदैव स्मरण रखने का संकल्प लिया गया।
कार्यक्रम के दौरान परिसर ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’ और ‘जय हिंद’ के नारों से गूंज उठा। आईटीबीपी के जवानों ने भी एकल अभियान की बहनों के इस आत्मीय सम्मान के लिए आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर एकल अभियान गोपेश्वर अंचल प्रभारी अतुल शाह, बंड विकास संगठन के अध्यक्ष देवेंद्र सिंह नेगी, आईटीबीपी के इंस्पेक्टर चिरंजीव, मोहन सिंह, वेद प्रकाश, रमेश चंद डिमरी, लक्ष्मण सिंह, रमेश सिंह और दिलावर सहित अनेक अधिकारी एवं जवान उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में एकल अभियान की संभाग महिला प्रमुख दया पांडा, गोपेश्वर अंचल प्रभारी रश्मि नेगी, अंचल महिला सचिव नीरजा पंवार, अमीषा, अनूप तथा तपोवन संच की आचार्य बहनें भी मौजूद रहीं।
रक्षाबंधन के इस आयोजन ने सीमा की रक्षा में तैनात हिमवीरों और समाज के बीच भाई-बहन के स्नेह, सम्मान और राष्ट्रभक्ति के रिश्ते को और मजबूत किया।
