वर्षा एवं ऊँची पहाड़ियों पर भारी  हिमपात से पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में जनजीवन अस्त व्यस्त

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देहरादून,24  जनवरी (उहि ) ।   पिछले तीन  दिन से लगातार हो रही वर्षा एवं ऊँची पहाड़ियों पर भारी  हिमपात से पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है।  पहाड़ी जिलों में सैकड़ों मार्ग अवरुद्ध हो गया हैं।

एक पखवाड़े से समय-समय पर हो रही बर्फबारी के कारण केदारनाथ में 14 फीट से अधिक बर्फ जम गई है। वहीं बदरीनाथ धाम में लगभग पांच और हेमकुंड साहिब में छह फीट तक बर्फ जम गई है। केदारनाथ क्षेत्र में संचार सेवा ठप होने से संपर्क नहीं हो पा रहा है। केदारनाथ में इन दिनों कुछ साधु रह रहे हैं। उधर, द्वितीय केदार मद्महेश्वर व तृतीय केदार तुंगनाथ सहित अन्य ऊंचाई वाले क्षेत्र भी बर्फ से लकदक हैं। निचले इलाकों में दिनभर हल्की बूंदाबांदी होती रही।

Holy shrine Badrinath under the thick cover of snow.

गौरसों बुग्याल, औली, रुद्रनाथ, लाल माटी सहित नीती और माणा घाटियों में जमकर बर्फबारी हुई है। वहीं बर्फबारी से जोशीमठ-औली, बदरीनाथ हाईवे हनुमान चट्टी से आगे और गोपेश्वर-चोपता-ऊखीमठ हाईवे जगह-जगह अवरुद्ध हो गया है। जिले के कई ऊंचाई वाले इलाकों के गांवों में बर्फ तो गिरी, लेकिन देर शाम तक बर्फ पिघल गई।

सोमवार को भी केदारनाथ में सुबह से देर शाम तक रुक-रुककर बर्फबारी होती रही। इस दौरान लगभग एक फीट तक नई बर्फ जम गई थी। पिछले एक पखवाड़े के दौरान हुई बर्फबारी के चलते केदारनाथ में करीब 14 फीट बर्फ जमा हो गई है। उधर, द्वितीय केदार मद्महेश्वर व तृतीय केदार तुंगनाथ में भी चार से पांच फीट तक बर्फ जमा हो गई है। वहीं, हरियाली कांठा, द्यूली खरक, कालशिला, चिरबटिया व गौरीकुंड के ऊपरी क्षेत्रों में भी काफी बर्फ गिर चुकी है।

लगातार तीसरे दिन भी चमोली जिले में मौसम खराब रहा और बर्फबारी हुई। ऊंचाई वाले क्षेत्रों के गांवों में हुई बर्फबारी से जनजीवन प्रभावित हुआ है। बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब में काफी बर्फ जम गई है। जबकि बर्फबारी से जोशीमठ-औली, बदरीनाथ हाईवे हनुमान चट्टी से आगे और गोपेश्वर-चोपता-ऊखीमठ हाईवे जगह-जगह बंद हो गए हैं।वहीं गोपेश्वर, जोशीमठ, पीपलकोटी, घाट, पोखरी क्षेत्र में राहगीरों व मवेशियों के लिए संबंधित नगर पालिका व नगर पंचायत की ओर से अलाव की व्यवस्था की गई है। इधर, औली में जमकर बर्फबारी होने से पर्यटकों के चेहरे खिल उठे हैं। जोशीमठ-औली मार्ग बंद होने से पर्यटक रोपवे से औली पहुंच रहे हैं। औली सड़क को खोलने के लिए लोक निर्माण विभाग की ओर से नमक का छिड़काव किया जा रहा है।

 

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