रिखणीखाल के द्वारी क्षेत्र में गैस संकट गहराया, 150 परिवार परेशान
रिखणीखाल, 25 मई (प्रभुपाल रावत)। रिखणीखाल प्रखंड के द्वारी क्षेत्र से जुड़े गांवों में घरेलू गैस आपूर्ति बाधित होने से ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्राम पंचायत प्रधान द्वारी श्रीमती सरिता मैंदोला ने बताया कि धुमाकोट स्थित गैस एजेंसी लंबे समय से क्षेत्र में नियमित गैस आपूर्ति नहीं कर पा रही है, जिससे करीब 150 परिवार प्रभावित हैं।
उन्होंने बताया कि पूर्व में क्षेत्रीय खाद्य पूर्ति निरीक्षक धुमाकोट द्वारा आश्वासन दिया गया था कि द्वारी क्षेत्र के गैस संयोजन कामाक्षी गैस सर्विस से भारत गैस सर्विस भौन में स्थानांतरित किए जाएंगे, लेकिन समय बीतने के बावजूद इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं हुई। स्थिति आज भी जस की तस बनी हुई है।
प्रधान सरिता मैंदोला के अनुसार ग्रामीण गैस बुकिंग कराने के बाद भी सिलेंडर नहीं प्राप्त कर पा रहे हैं। कई ग्रामीण खाली सिलेंडर लेकर सात किलोमीटर दूर गाडियों पुल तक पहुंचे, लेकिन उन्हें यह कहकर वापस लौटा दिया गया कि बुकिंग इसी माह की होनी चाहिए। कुछ ग्रामीण सिलेंडर कंधों पर ढोकर ले गए, जबकि कई लोगों ने मजदूरी देकर सिलेंडर पहुंचाए। इसके बावजूद उन्हें गैस नहीं मिल सकी।
ग्रामीणों का आरोप है कि एजेंसी की ओर से यह भी कहा गया कि द्वारी गांव तक गैस वाहन नहीं भेजा जाएगा, क्योंकि सड़क की स्थिति ठीक नहीं है। ऐसे में ग्रामीणों को आर्थिक और शारीरिक दोनों तरह की परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं।
क्षेत्र में अधिकांश बुजुर्ग आबादी निवास करती है। गैस संकट के कारण लोगों को फिर से लकड़ी और पारंपरिक ईंधन पर निर्भर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि बुजुर्गों के लिए जंगल से लकड़ी लाना और चूल्हे पर खाना बनाना बेहद कठिन हो गया है।
ग्राम प्रधान सरिता मैंदोला ने जिलाधिकारी गढ़वाल और जिला पूर्ति अधिकारी पौड़ी से मामले का शीघ्र संज्ञान लेकर गैस आपूर्ति व्यवस्था सुचारु कराने की मांग की है, ताकि ग्रामीणों को अनावश्यक कठिनाइयों से राहत मिल सके। क्षेत्र में गैस एजेंसी प्रबंधन के खिलाफ भारी रोष व्याप्त है।
