निम के पर्वतारोहियों ने नुन-कुन श्रृंखला की तीन चोटियां फतह कीं

देहरादून, 24 सितम्बर। नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम), उत्तरकाशी के पर्वतारोहियों ने इस वर्ष नुन-कुन पर्वत श्रृंखला की तीन चोटियों पर सफल आरोहण कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। इनमें 7,135 मीटर ऊंची माउंट नुन और 7,077 मीटर ऊंची माउंट कुन भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में निम द्वारा संचालित चार सफल पर्वतारोहण अभियानों का फ्लैग-इन कर अभियान दलों का स्वागत किया।
इन अभियानों में अर्जेंटीना की 6,961 मीटर ऊंची माउंट एकांकागुआ चोटी का अभियान भी शामिल है। यह अभियान निम और जवाहर इंस्टीट्यूट ऑफ माउंटेनियरिंग एंड विंटर स्पोर्ट्स (जिम एंड डब्ल्यूएस), पहलगाम ने संयुक्त रूप से संचालित किया था।
निम के नुन-कुन अभियान-2026 का नेतृत्व संस्थान के प्रधानाचार्य कर्नल एसएस राजपुरोहित ने किया। अभियान दल ने स्वतंत्रता दिवस पर 15 अगस्त को 7,077 मीटर ऊंची माउंट कुन पर सफल आरोहण किया। इसके बाद दल ने 26 अगस्त को 5,908 मीटर ऊंची माउंट डेल्टा-41 और 31 अगस्त को 7,135 मीटर ऊंची माउंट नुन की चोटी फतह की। इस तरह एक ही अभियान के दौरान दल ने नुन-कुन पर्वत श्रृंखला की तीन चोटियों पर सफल आरोहण किया।
अर्जेंटीना स्थित माउंट एकांकागुआ के संयुक्त अभियान का नेतृत्व कर्नल हेम चंद्र सिंह ने किया था। छह सदस्यीय दल ने 22 फरवरी 2026 को चोटी पर सफल आरोहण किया। इस अभियान को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली स्थित साउथ ब्लॉक से रवाना किया था।
मुख्यमंत्री धामी ने पर्वतारोहियों को बधाई देते हुए कहा कि चुनौतीपूर्ण उच्च पर्वतीय परिस्थितियों में उनका साहस, अनुशासन, तकनीकी दक्षता और टीम भावना युवाओं के लिए प्रेरणादायी है। उन्होंने कहा कि नेहरू पर्वतारोहण संस्थान ने पर्वतारोहण, साहसिक खेलों, युवा विकास और उच्च हिमालयी प्रशिक्षण के क्षेत्र में देश में महत्वपूर्ण पहचान बनाई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक परिस्थितियां पर्वतारोहण और साहसिक पर्यटन के लिए व्यापक संभावनाएं उपलब्ध कराती हैं। ऐसे अभियान युवाओं को साहसिक खेलों से जोड़ने के साथ राज्य की पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत करते हैं।
इस अवसर पर विशेष प्रमुख सचिव खेल एवं युवा कल्याण अमित कुमार सिन्हा, निम के प्रधानाचार्य कर्नल एसएस राजपुरोहित, जिम एंड डब्ल्यूएस पहलगाम के प्रधानाचार्य कर्नल हेम चंद्र सिंह, कैप्टन जी. संतोष कुमार सहित विभिन्न अभियानों के सदस्य और संस्थान के अधिकारी मौजूद रहे।
