नंदा देवी के दर्शन के बाद ग्रामीणों से मिले उदय सिंह रावत

जोशीमठ, 6 सितम्बर। उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) के नेता एवं तीन विश्वविद्यालयों के कुलपति रह चुके डॉ. उदय सिंह रावत ने रविवार को नीति घाटी के लाता गांव पहुंचकर क्षेत्र की आराध्य देवी मां नंदा देवी के दर्शन किए। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से जनसंपर्क कर उनकी समस्याएं सुनीं और उत्तराखंड से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की।
डॉ. रावत ने मां नंदा देवी की पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की। इसके बाद उन्होंने लाता गांव के ग्रामीणों के साथ बैठक कर उत्तराखंड क्रांति दल की नीतियों और राज्य से जुड़े सवालों पर विचार-विमर्श किया।

उन्होंने ग्रामीणों के साथ जल, जंगल और जमीन पर स्थानीय लोगों के अधिकार, सशक्त भू-कानून तथा गैरसैंण को स्थायी राजधानी बनाए जाने जैसे मुद्दों पर चर्चा की। डॉ. रावत ने कहा कि उत्तराखंड की मूल अवधारणा और राज्य आंदोलन की भावनाओं के अनुरूप पर्वतीय क्षेत्रों के प्राकृतिक संसाधनों पर स्थानीय समुदायों के हितों की रक्षा जरूरी है।
उन्होंने दावा किया कि बातचीत के दौरान ग्रामीणों में उत्तराखंड क्रांति दल और उसके मुद्दों को लेकर सकारात्मक रुख देखने को मिला। डॉ. रावत ने कहा कि सीमांत क्षेत्रों के गांवों की समस्याओं और अपेक्षाओं को समझने के लिए स्थानीय लोगों से सीधा संवाद आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि मां नंदा देवी के दर्शन और लाता के ग्रामीणों से मिले स्नेह एवं आशीर्वाद ने उन्हें उत्तराखंड के सवालों को लेकर आगे काम करने की नई प्रेरणा दी है। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से क्षेत्र की स्थानीय समस्याओं और विकास संबंधी जरूरतों की जानकारी भी ली।
