जोशीमठ में 115 करोड़ की सीवरेज-पेयजल परियोजना, एक सप्ताह में काम शुरू करने के निर्देश
3,858 सीवरेज और 2,701 पेयजल कनेक्शन मिलेंगे, मार्च 2029 तक काम पूरा करने का लक्ष्य
ज्योतिर्मठ/चमोली, 19 सितम्बर (कपरुवाण)। जोशीमठ क्षेत्र में करीब 115 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित सीवरेज एवं पेयजल परियोजना के निर्माण कार्य एक सप्ताह के भीतर शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। जिलाधिकारी गौरव कुमार ने शनिवार को परियोजना की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों से आवश्यक अनुमति और अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राथमिकता के आधार पर प्राप्त करने को कहा।
परियोजना के तहत जोशीमठ क्षेत्र में 3,858 सीवरेज और 2,701 पेयजल कनेक्शन उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके साथ ही चार नए पेयजल टैंकों का निर्माण, पुराने टैंकों का सुदृढ़ीकरण, तीन एमएलडी क्षमता के सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट की स्थापना तथा सीवरेज और घरेलू सेवा कनेक्शन से संबंधित कार्य किए जाएंगे। परियोजना के सभी कार्य मार्च 2029 तक पूरे करने का लक्ष्य रखा गया है।
जिलाधिकारी ने भूमि चयन, विभागीय अनुमतियों और निर्माण की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि बद्रीनाथ धाम यात्रा मार्ग पर कार्य के दौरान सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। निर्माण कार्य इस तरह किए जाएं कि श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को कम से कम असुविधा हो।
उन्होंने सड़कों पर सीवरेज और जल निकासी संबंधी कार्यों के दौरान खुदाई, पाइपलाइन बिछाने और सड़क की मरम्मत का काम साथ-साथ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पाइपलाइन बिछाने के बाद सड़कों को लंबे समय तक खुदा हुआ न छोड़ा जाए और उन्हें तत्काल पूर्व स्थिति में लाया जाए।
तीन एमएलडी क्षमता के सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट के लिए भूमि चयन की जिम्मेदारी उपजिलाधिकारी जोशीमठ को दी गई है। जिलाधिकारी ने सभी प्रस्तावित निर्माण स्थलों का भू-वैज्ञानिक सर्वेक्षण कराने और उसकी रिपोर्ट के आधार पर ही उपयुक्त भूमि का चयन करने के निर्देश दिए। निर्माण से निकलने वाले मलबे के सुरक्षित निस्तारण के लिए नियमानुसार डंपिंग जोन चिह्नित करने को भी कहा गया।
जिलाधिकारी ने जल संस्थान के अधिकारियों को परियोजना की नियमित निगरानी करने के निर्देश देते हुए कहा कि निर्माण के दौरान जोशीमठ की मौजूदा पेयजल आपूर्ति किसी भी स्थिति में प्रभावित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को समन्वय के साथ निर्धारित समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश, उपजिलाधिकारी जोशीमठ चंद्रशेखर वशिष्ठ, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी सहित यूयूएसडीए, जल निगम, सिंचाई विभाग और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
