अचानक बदले मौसम से किसान चिंतित, फसलों को नुकसान की आशंका
पोखरी, 5 अप्रैल (राणा)। क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट बदल ली है। दोपहर बाद घने बादलों की तेज गर्जना के साथ शुरू हुई बारिश से एक ओर जहां ठंड ने फिर से दस्तक दे दी है, वहीं दूसरी ओर काश्तकारों की चिंता बढ़ गई है।
लंबे समय से बारिश न होने के कारण क्षेत्र में गेहूं और जौ की फसल पहले ही काफी हद तक सूखकर बर्बाद हो चुकी है। जो फसल बची थी, वह अब पकने के कगार पर पहुंच गई थी। ऐसे में इस समय हुई बारिश किसानों के लिए राहत के बजाय नुकसानदायक साबित हो रही है।
स्थानीय काश्तकारों—शिवराज सिंह राणा, देवेंद्र सिंह नेगी, गजेंद्र नेगी, बीरेंद्र सिंह नेगी, संदीप वर्तवाल और महेंद्र भंडारी सहित अन्य किसानों का कहना है कि यदि बारिश जारी रहती है, तो पकने को तैयार गेहूं और जौ की बची-खुची फसल भी खराब हो सकती है, जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ेगा।
वहीं, इन दिनों धान की बुवाई का सीजन भी चल रहा है। बारिश से खेतों में अत्यधिक नमी बढ़ने के कारण बुवाई कार्य प्रभावित हो सकता है। अधिक गीलापन होने पर खेतों की तैयारी और बुवाई दोनों में दिक्कतें आएंगी।
अचानक बदले मौसम के चलते किसानों के सामने दोहरी समस्या खड़ी हो गई है—एक ओर तैयार फसल के नुकसान का खतरा और दूसरी ओर नई फसल की बुवाई में बाधा।
