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चमोली के परभक्षी कीटों पर शोध के लिए दिव्या नेगी को युवा वैज्ञानिक पुरस्कार

थराली, 29 अक्टूबर (हरेन्द्र बिष्ट)। चमोली जिले में पाए जाने वाले परभक्षी कीटों पर वैज्ञानिक शोध कर थराली की दिव्या नेगी ने युवा वैज्ञानिक पुरस्कार प्राप्त किया है। उनकी इस उपलब्धि से सीमांत जिला चमोली सहित थराली क्षेत्र में खुशी की लहर है। देहरादून में आयोजित 21वें उत्तराखंड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी सम्मेलन में दिव्या को उनके उत्कृष्ट शोध कार्य के लिए सम्मानित किया गया।

तहसील थराली के वरिष्ठ अधिवक्ता देवेंद्र सिंह नेगी की पुत्री दिव्या नेगी ने चमोली जिले में पाए जाने वाले परभक्षी कीटों पर विस्तृत वैज्ञानिक अध्ययन किया है। उन्होंने डीएवी स्नातकोत्तर महाविद्यालय, देहरादून के जंतु विज्ञान विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. पुष्पेंद्र कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में अपना शोध पत्र तैयार किया। वैज्ञानिक दृष्टि से महत्वपूर्ण इस शोध को उत्कृष्ट पाए जाने पर युवा वैज्ञानिक पुरस्कार के लिए चुना गया।

दिव्या के पिता अधिवक्ता देवेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि उनकी पुत्री बचपन से ही पढ़ाई-लिखाई में मेधावी और परिश्रमी रही है। वह इससे पहले सीएसआईआर-यूजीसी नेट, गेट और यूसेट जैसी प्रतिष्ठित परीक्षाएं भी उत्तीर्ण कर चुकी है। विज्ञान के क्षेत्र में विशेष रुचि के चलते दिव्या ने चमोली जिले में पाए जाने वाले परभक्षी कीटों को अपने शोध का विषय बनाया। इन कीटों की विभिन्न प्रजातियों और उनके वैज्ञानिक महत्व का अध्ययन कर उन्होंने विस्तृत शोध पत्र तैयार किया।

शोध पत्र को डीएवी महाविद्यालय के जंतु विज्ञान विभाग में प्रस्तुत किया गया, जहां अध्ययन एवं मूल्यांकन के बाद इसे अन्य वैज्ञानिकों के परीक्षण के लिए भेजा गया। शोध की गुणवत्ता और वैज्ञानिक महत्व को देखते हुए इसे पुरस्कार के लिए चयनित किया गया।

गत दिवस देहरादून के झाझरा स्थित विज्ञान धाम में उत्तराखंड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (यूकॉस्ट) की ओर से आयोजित 21वें उत्तराखंड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी सम्मेलन में दिव्या नेगी को युवा वैज्ञानिक पुरस्कार प्रदान किया गया। समारोह में राज्य की मुख्य सूचना आयुक्त राधा रतूड़ी, यूकॉस्ट के महानिदेशक प्रोफेसर दुर्गेश पंत तथा संयुक्त निदेशक डॉ. डीपी उनियाल ने दिव्या को सम्मानित करते हुए उनके शोध कार्य की सराहना की।

दूरस्थ पर्वतीय क्षेत्र से निकलकर वैज्ञानिक अनुसंधान के क्षेत्र में पहचान बनाने वाली दिव्या की इस उपलब्धि पर थराली के अधिवक्ताओं और शिक्षाविदों ने प्रसन्नता व्यक्त की है। थराली बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डीडी कुनियाल, उपाध्यक्ष जय सिंह बिष्ट, अधिवक्ता ललित मिश्रा सहित अनेक अधिवक्ताओं एवं शिक्षा जगत से जुड़े लोगों ने दिव्या को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि सीमांत जिले की इस प्रतिभाशाली छात्रा की सफलता क्षेत्र के अन्य छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा और वैज्ञानिक अनुसंधान के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी।

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