उत्तम मार्दव धर्म की भावना से सराबोर हुआ टीएमयू का जिनालय
दशलक्षण महापर्व के दूसरे दिन पूजन, आरती, भक्तामर पाठ और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

मुरादाबाद, 17 सितम्बर। तीर्थंकर महावीर विश्वविद्यालय (टीएमयू) में दशलक्षण महापर्व का दूसरा दिन उत्तम मार्दव धर्म की भावना के साथ श्रद्धापूर्वक मनाया गया। विश्वविद्यालय परिसर स्थित जिनालय में दिनभर धार्मिक अनुष्ठान हुए, जबकि शाम को भक्ति संध्या और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने आयोजन को विशेष बनाया। एक हजार से अधिक विद्यार्थियों ने पूजन-अर्चन में भाग लिया।
जिनालय में भगवान के अभिषेक की शुरुआत संजय जैन, विपिन जैन, डीन मैनेजमेंट, कुलपति प्रो. वी.के. जैन और डॉ. रवि जैन ने स्वर्ण कलश से की। डॉ. अक्षय जैन ने रजत झारी से शांतिधारा की। स्वर्ण झारी से शांतिधारा में पुष्प, नैतिक, तरुण, मुकुल, मृदुल, आशु और अनिमेष जैन शामिल हुए। तनिष्का, हीरल, गार्गी, केवली, पलक, अविशा और विधि जैन ने अष्ट प्रातिहार्य के रूप में चंवर ढुलाए। इसके बाद भगवान महावीर, पंच परमेष्ठी और भगवान शांतिनाथ की आरती हुई।

संध्या में कॉलेज ऑफ कंप्यूटिंग साइंसेज एंड इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी के विद्यार्थी और शिक्षक जिनालय से श्रीजी की आरती लेकर ढोल-नगाड़ों के साथ रिद्धि-सिद्धि भवन पहुंचे। यहां आरती के बाद आयोजित भक्ति संध्या में विद्यार्थियों और फैकल्टी सदस्यों ने विभिन्न भजनों की प्रस्तुति दी। इस अवसर पर वाइस प्रिंसिपल प्रो. अशोक कुमार, प्रो. प्रशांत कुमार, डॉ. आदित्य जैन और निकिता जैन सहित शिक्षक एवं विद्यार्थी मौजूद रहे।
इसके बाद पंडित ऋषभ शास्त्री ने भक्तामर स्तोत्र का पाठ कराया। उन्होंने उत्तम मार्दव धर्म का महत्व बताते हुए कहा कि विनम्रता मनुष्य को अहंकार से मुक्त कर आत्मिक शांति की ओर ले जाती है। कटु शब्दों और अप्रिय व्यवहार को मन में संजोकर रखने से अशांति बढ़ती है, इसलिए जीवन में क्षमा, विनम्रता और सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाना आवश्यक है।
टीएमयू ऑडिटोरियम में इंजीनियरिंग एवं कंप्यूटर साइंस कॉलेज की छात्राओं ने ‘आचार्य समन्तभद्र की गाथा’ पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुति के माध्यम से जैन दर्शन और आध्यात्मिक मूल्यों को प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलन एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अक्षत जैन, जाह्नवी जैन और वरिष्ठ प्रबंधन सदस्यों ने किया।
समापन पर कुलपति प्रो. वी.के. जैन एवं वाइस प्रिंसिपल ने इंजीनियरिंग और कंप्यूटर साइंस कॉलेज के अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों को विदाई दी तथा सांस्कृतिक कार्यक्रम में भाग लेने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया।
इस अवसर पर कुलाधिपति सुरेश जैन, ग्रुप वाइस चेयरमैन मनीष जैन, रिचा जैन, प्रो. विपिन जैन, डॉ. विपिन जैन, प्रो. एस.के. जैन, मनोज जैन, डॉ. विनोद कुमार जैन, डॉ. अक्षय जैन, वैभव जैन, डॉ. कल्पना जैन, डॉ. नीलिमा जैन सहित बड़ी संख्या में विश्वविद्यालय के शिक्षक और विद्यार्थी उपस्थित रहे।
