लगातार बारिश से उत्तराखंड में जनजीवन प्रभावित, देहरादून–मसूरी मार्ग अग्रिम आदेश तक बंद
रेड अलर्ट के बीच कई सड़कें बाधित, प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील
देहरादून, 20 जुलाई। उत्तराखंड में लगातार सक्रिय मानसून के चलते सोमवार को जनजीवन व्यापक रूप से प्रभावित रहा। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग द्वारा कई जनपदों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किए जाने के बीच प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश से सड़कें बंद हुईं, नदियों और गदेरों का जलस्तर बढ़ा तथा कई स्थानों पर भूस्खलन और मलबा आने की घटनाएं सामने आईं। मौसम की गंभीर स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।

राजधानी देहरादून से मसूरी को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग पानी वाले बैंड के पास सड़क क्षतिग्रस्त होने के कारण अग्रिम आदेश तक सभी प्रकार के यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। उप जिलाधिकारी, मसूरी द्वारा जारी आदेश के अनुसार यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। पुलिस और लोक निर्माण विभाग को मौके पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने तथा सड़क को शीघ्र यातायात योग्य बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रदेश के पर्वतीय जिलों चमोली, टिहरी, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी और पिथौरागढ़ में भी भारी वर्षा के कारण अनेक संपर्क मार्गों पर मलबा आने से यातायात प्रभावित रहा। कई ग्रामीण सड़कें घंटों तक बंद रहीं, जबकि राज्य मार्गों पर भी जेसीबी मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य जारी रहा। कुछ स्थानों पर खेतों, सिंचाई नहरों और आवासीय क्षेत्रों में भी पानी और मलबा घुसने से नुकसान की खबरें हैं।
आपदा प्रबंधन विभाग लगातार जिलों से स्थिति की निगरानी कर रहा है। जिला प्रशासन, पुलिस, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ तथा लोक निर्माण विभाग की टीमें संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात हैं। नदियों और बरसाती गदेरों के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने तथा अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
प्रशासन ने पर्यटकों और चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं से भी मौसम और सड़क की स्थिति की जानकारी लेकर ही यात्रा करने की अपील की है। साथ ही सभी जिलाधिकारियों को राहत एवं बचाव दलों को अलर्ट मोड में रखने तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
